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    December 17, 2025

    RPS दिव्या केस पर बयान, बोले वन मंत्री सच्चाई सामने आनी चाहिए

    राजस्थान के वन राज्यमंत्री संजय शर्मा ने विधायक निधि में भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी 200 विधायकों की विधायक निधि की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने आरपीएस अधिकारी दिव्या मित्तल रिश्वत मामले में सरकार द्वारा दी गई क्लीन चिट पर सवाल उठाते हुए दोबारा जांच कराने की मांग की।

    वन मंत्री संजय शर्मा ने यह बयान मंगलवार को अलवर के सूचना केंद्र में राज्य सरकार के दो साल पूरे होने के अवसर पर आयोजित फोटो प्रदर्शनी के दौरान मीडिया से बातचीत में दिया। उन्होंने कहा कि दिव्या मित्तल पर दवा कारोबारी से करीब 2 से 3 करोड़ रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप सामने आया था। ऐसे गंभीर मामले में सरकार को दोबारा निष्पक्ष जांच करानी चाहिए और जांच के बाद उचित कार्रवाई होनी चाहिए।

    विधायक निधि मामले में सभी की हो जांच

    मंत्री शर्मा ने कहा कि दैनिक भास्कर के स्टिंग ऑपरेशन में तीन विधायकों पर आरोप सामने आए थे, जिस पर सरकार ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मुख्य सचिव, डीजीपी और विजिलेंस अधिकारी की अध्यक्षता में कमेटी गठित की। मामला अब सदाचार समिति के पास है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि केवल कुछ विधायकों तक जांच सीमित न रहे, बल्कि प्रदेश के सभी विधायकों की विधायक निधि आवंटन की निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।

    टीकाराम जूली पर साधा निशाना

    वन मंत्री ने नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली पर अलवर शहर में पानी लाने की योजना का विरोध करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जूली खुद अलवर में रहते हैं और उनका परिवार भी यहीं रहता है, उन्हें भी पानी की जरूरत है। इसके बावजूद वे शहर में पानी लाने की योजना में अड़ंगा लगा रहे हैं। मंत्री शर्मा ने कहा कि यह आमजन का मुद्दा है और विपक्ष को विरोध छोड़कर जनहित में सहयोग करना चाहिए।

    युवाओं को आगे बढ़ाने की बात

    बीजेपी में युवा नेता को कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाए जाने पर मंत्री शर्मा ने कहा कि आने वाला समय युवाओं का है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी युवाओं को आगे बढ़ाने के लिए विशेष अभियान चला रहे हैं। उन्होंने कहा कि बीजेपी में योग्यता के आधार पर अवसर मिलते हैं, जबकि अन्य दलों में परिवारवाद हावी है।

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