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    January 17, 2026

    मेक इन इंडिया की ताकत, पीएम मोदी ने लोकोमोटिव उत्पादन को बताया ऐतिहासिक उपलब्धि

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को पश्चिम बंगाल दौरे पर पहुंचे। तय कार्यक्रम के अनुसार पीएम मोदी सबसे पहले मालदा पहुंचे, जहां उन्होंने देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान पीएम मोदी ने ट्रेन में यात्रारत बच्चों और लोको पायलटों से मुलाकात कर बातचीत भी की।

    इसके बाद प्रधानमंत्री ने मालदा से चार अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को भी हरी झंडी दिखाई।

    मालदा में जनसभा को किया संबोधित

    मालदा में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि वंदे भारत स्लीपर ट्रेन हावड़ा को असम के कामाख्या मंदिर से जोड़ रही है, जिससे पूर्वोत्तर भारत की कनेक्टिविटी और मजबूत होगी।
    उन्होंने कहा कि भारतीय रेलवे तेजी से आधुनिकीकरण के दौर से गुजर रही है। रेलों का विद्युतीकरण हो रहा है, नई और आधुनिक ट्रेनें शुरू की जा रही हैं, जिससे आम लोगों को बड़ा फायदा मिल रहा है।

    पीएम मोदी ने कहा,

    “आज भारतीय रेल न सिर्फ आधुनिक हो रही है, बल्कि आत्मनिर्भर भी बन रही है। भारत में बने इंजन, कोच और मेट्रो ट्रेनें हमारी तकनीकी ताकत का प्रतीक हैं। आज हम अमेरिका और अन्य पश्चिमी देशों से ज्यादा लोकोमोटिव बना रहे हैं।”

    बंगाल को हजारों करोड़ की विकास परियोजनाओं की सौगात

    प्रधानमंत्री ने मालदा में 3250 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं की आधारशिला भी रखी। इनमें—

    • बालुरघाट से हिली के बीच नई रेल लाइन
    • न्यू जलपाईगुड़ी में फ्रेट मेंटिनेंस सुविधा केंद्र
    • सिलीगुड़ी लोको शेड का आधुनिकीकरण
    • वंदे भारत ट्रेनों के मेंटिनेंस केंद्र का उन्नयन
      जैसी प्रमुख परियोजनाएं शामिल हैं।

    रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि ये परियोजनाएं बंगाल के लिए प्रधानमंत्री का उपहार हैं और इससे राज्य को आईटी और औद्योगिक हब के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी।

    वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की खासियत

    पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन हावड़ा से गुवाहाटी के बीच चलेगी, जिससे पूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत के बीच यात्रा आसान होगी।
    अब तक चल रही वंदे भारत ट्रेनें दिन की यात्रा के लिए थीं, जबकि स्लीपर वर्जन में रात में लेटकर यात्रा की सुविधा दी गई है।

    • यात्रा समय 17 घंटे से घटकर करीब 14 घंटे
    • 16 आधुनिक कोच, कुल 1128 यात्रियों की क्षमता
    • एयरोडायनामिक डिजाइन से कम शोर और ज्यादा आराम
    • अधिकतम रफ्तार 180 किमी प्रति घंटा
    • आधुनिक सस्पेंशन और ट्रैक्शन मोटर से सुरक्षित और स्मूद यात्रा

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