भाजपा के अटल स्मृति सम्मेलन के दौरान संगठन की गुटबाजी खुलकर सामने आ गई। 31 दिसंबर को हैबिटेट सेंटर में आयोजित कार्यक्रम में भाजपा महानगर अध्यक्ष और कुछ कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की हो गई। हालात इतने बिगड़ गए कि महानगर अध्यक्ष के गनर के साथ भी हाथापाई हो गई। आरोप है कि गनर को थप्पड़ तक मारे गए। बाद में अन्य नेताओं और सुरक्षाकर्मियों के बीच-बचाव से मामला शांत हुआ।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष दुर्विजय सिंह शाक्य मौजूद थे। घटना उनके सामने हुई, जिससे पार्टी की अंदरूनी खींचतान सार्वजनिक हो गई।
कैसे शुरू हुआ विवाद
घटनाक्रम के अनुसार, क्षेत्रीय अध्यक्ष जब ऑडिटोरियम जाने वाले थे, तभी अनुसूचित मोर्चा के कार्यकर्ता राकेश सहाय और कुछ अन्य कार्यकर्ताओं ने उनके साथ फोटो खिंचवाने की कोशिश की। इसी दौरान महानगर अध्यक्ष राजीव शर्मा से धक्का लगने पर कहासुनी शुरू हो गई।
इसके बाद मंच पर कार्यक्रम चल रहा था, जब कुछ कार्यकर्ता क्षेत्रीय अध्यक्ष का स्वागत करने मंच की ओर बढ़े। आरोप है कि महानगर अध्यक्ष ने उन्हें रुकने का इशारा किया और उनके गनर ने मंच पर चढ़ने से रोक दिया। इस पर एक बार फिर धक्का-मुक्की की स्थिति बन गई।
कार्यक्रम के बाद बढ़ा हंगामा
कार्यक्रम समाप्त होने के बाद जब कार्यकर्ता दोबारा क्षेत्रीय अध्यक्ष के साथ फोटो खिंचवाने पहुंचे, तब फिर विवाद भड़क गया। इसी दौरान गनर अनूप कुमार बीच-बचाव में आए तो उनके साथ भी धक्का-मुक्की और मारपीट हो गई। आरोप है कि उन्हें थप्पड़ भी मारे गए। अन्य गनरों और नेताओं के हस्तक्षेप से स्थिति पर काबू पाया गया।
पुलिस तक पहुंचा मामला
घटना की सूचना पर सिविल लाइंस पुलिस मौके पर पहुंची। बाद में गनर अनूप कुमार ने महानगर अध्यक्ष के साथ नीरज जादौन से मुलाकात कर लिखित शिकायत दी। एसएसपी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और CCTV फुटेज के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
दोनों पक्षों के आरोप
महानगर अध्यक्ष राजीव शर्मा का कहना है कि कार्यकर्ताओं ने बार-बार धक्का-मुक्की की और गनर से भी हाथापाई की, जो पार्टी की मर्यादा के खिलाफ है। वहीं, महानगर उपाध्यक्ष संजय गोयल का दावा है कि गनर ने एक कार्यकर्ता पर कारबाइन तान दी थी, जिससे विवाद बढ़ा, जबकि मारपीट के आरोप निराधार हैं।
इस पूरे घटनाक्रम ने भाजपा के अंदरूनी मतभेदों को उजागर कर दिया है और राजनीतिक गलियारों में इसकी चर्चा तेज हो गई है।
