हाई ब्लड प्रेशर (हाइपरटेंशन) को कंट्रोल करने के लिए लोग अक्सर रात के खाने और नमक पर ध्यान देते हैं, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि सुबह का नाश्ता बीपी लेवल तय करने में सबसे अहम भूमिका निभाता है। हाल ही में डॉक्टर शालिनी सिंह सोलंकी ने सोशल मीडिया के जरिए बताया कि नाश्ते के समय की जाने वाली कुछ आम गलतियां हाई बीपी का जोखिम तेजी से बढ़ा सकती हैं।
डॉक्टर शालिनी के अनुसार, ब्रेकफास्ट सिर्फ शरीर को ऊर्जा नहीं देता, बल्कि यह हार्मोनल बैलेंस, सोडियम लेवल और रक्त वाहिकाओं की कार्यक्षमता को भी प्रभावित करता है। गलत नाश्ता इंसुलिन स्पाइक का कारण बनता है, जिससे शरीर सोडियम को ज्यादा रोकने लगता है और धमनियों पर दबाव बढ़ जाता है।
रिफाइंड कार्ब्स से बढ़ता खतरा
सुबह केवल चाय पीना या बिस्किट खाना सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है। बिस्किट और अन्य रिफाइंड कार्ब्स इंसुलिन को अचानक बढ़ाते हैं, जिससे किडनी ज्यादा सोडियम रोकती है और ब्लड प्रेशर बढ़ने लगता है। इसलिए मैदा और चीनी से भरपूर चीजों से परहेज जरूरी है।
बेकरी आइटम और सैचुरेटेड फैट
ब्रेड-बटर, जैम टोस्ट या चीज सैंडविच जैसे बेकरी प्रोडक्ट्स में मौजूद सैचुरेटेड फैट और मैदा धमनियों की अंदरूनी परत को नुकसान पहुंचाते हैं। इससे रक्त वाहिकाएं सख्त हो सकती हैं और दिल को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है, जिसका सीधा असर बीपी पर पड़ता है।
सिर्फ फल खाना भी हो सकता है गलत
कई लोग नाश्ते में केवल फल खाते हैं, लेकिन डॉक्टर के मुताबिक ऐसा करने से फ्रक्टोज अचानक बढ़ता है, जो स्ट्रेस हार्मोन्स को सक्रिय कर सकता है। ये हार्मोन रक्त वाहिकाओं को सिकोड़ते हैं और ब्लड प्रेशर बढ़ा देते हैं। फल हमेशा प्रोटीन के साथ संतुलित मात्रा में लेने चाहिए।
प्रोटीन की कमी बढ़ाती है बीपी का जोखिम
नाश्ते में प्रोटीन न होना भी हाई बीपी की एक बड़ी वजह बन सकता है। प्रोटीन में मौजूद कुछ पेप्टाइड्स ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने में मदद करते हैं और इंसुलिन को स्थिर रखते हैं। दाल, अंडे, नट्स या दही जैसे विकल्प नाश्ते में शामिल करना दिल की सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है।
विशेषज्ञों की सलाह है कि अगर हाई बीपी से बचना है, तो सुबह के नाश्ते को हल्के में न लें। संतुलित और सही ब्रेकफास्ट अपनाकर ब्लड प्रेशर को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है।
